Friday, 10 August 2018

15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस हिंदी शायरी

आओ सब मिलकर करे सलाम उन्हे

जिनके हिस्से में ये मुकाम आया है
बहुत ही खुश नसीब है वो लोग
जिनका खून देश के काम आया है…
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 ये नफ़रत बुरी है, ना पालो इसे
दिलो में खलिश है, निकालो इसे,
ना तेरा, ना मेरा, ना एसका, ना उसका
ये सबका वतन है, बचा लो इसे..
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इंडियन होने पर करिए गर्व,
मिलके मनाएँ लोक्तन्त्र का पर्व
देश के दुश्मनों को मिलके हराओ
हर घर पर * तिरंगा * लहराव
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लहराएगा तिरंगा अब सारे आस्मां पर,
भारत का नाम होगा सब की जुबान पर,
ले लेंगे उसकी जान या दे देंगे अपनी जान,
कोई जो उठाएगा आँख हमारे हिंदुस्तान पर।
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इंडियन होने पर करिए गर्व,

मिलके मनाएँ लोक्तन्त्र का पर्व

देश के दुश्मनों को मिलके हराव

हर घर पर * तिरंगा * लहराव.

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ऐ मेरे वतन के लोगों तुम खूब लगा लो नारा,

ये शुभ दिन है हम सब का लहरा लो तिरंगा प्यारा,

पर मत भूलो सीमा पर वीरों ने है प्राण गँवाए,

कुछ याद उन्हें भी कर लो जो लौट के घर न आये।

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 वो शमा जो काम आए अंजुमन के लिए,
वो जज़्बा जो क़ुरबान हो जाए वतन के लिए,
रखते हैं हम वो होसलें भी
जो मर मिटे हिन्दुस्तान के लिए.
ज़य हिंद, ज़य भारत
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जमाने भर में मिलते हैं आशिक़ काई
मगर वतन से खूबसूरत कोई सनम नही होता,
नोटो मे लिपट कर, सोने मे सिमट कर मरे है कयि
मगर तिरंगे से खूबसूरत कोई कफ़न नही होता.
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 आओ झुकके सलाम करे उनको जिनके,
हिस्से मे ये मुकाम आता है,
खुशनसीब होता है वो खून,
जो देश के काम आता है.
ज़य हिंद ज़य भारत
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अलग है भाषा, धर्म जात
और प्रांत, भेष, परिवेश
पर हम सब का एक है गौरव
राष्ट्रध्वज तिरंगा सबसे श्रेस्ट
स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभ कामनायें.
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 ये नफ़रत बुरी है, ना पालो इसे
दिलो में खलिश है, निकालो इसे,
ना तेरा, ना मेरा, ना एसका, ना उसका
ये सबका वतन है, बचा लो इसे..
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इतनी सी बात हवाओं को बताए रखना,
रोशनी होगी चिरागो को जलाए रखना,
लहू देकर की है जिसकी हिफ़ाज़त हमने,
ऐसे तिरंगे को सदा अपने दिल मे बसाए रखना…!!
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मुकुट हिमालय
हृदय में तिरंगा
आँचल में गंगा लाई है
सब पुण्या,
कला और रत्ना लूटने
देखो भारत माँ आई है
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ये नफ़रत बुरी है, ना पालो इसे.
दिलो में खलिश है, निकालो इसे.,
ना तेरा, ना मेरा, ना एसका, ना उसका
ये सबका वतन है, बचा लो इसे..

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आओ झुकके सलाम करे उनको जिनके,

हिस्से मे ये मुकाम आता है,

खुशनसीब होता है वो खून,

जो देश के काम आता है.

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